| ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
Sunday, February 27, 2011
संस्कृत श्लोकों में फ़ारसी का “राजव्यवहार”
प्रस्तुतकर्ता
अजित वडनेरकर
11
कमेंट्स
पर
7:55 PM
इस संदेश के लिए लिंक
Saturday, February 26, 2011
सफ़र को राजकमल कृति पाण्डुलिपि सम्मान
| ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
प्रस्तुतकर्ता
अजित वडनेरकर
33
कमेंट्स
पर
2:22 PM
इस संदेश के लिए लिंक
Tuesday, February 15, 2011
शनिवार पेठ में वड़ापाव और मोफ़त सल्ला
| ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
प्रस्तुतकर्ता
अजित वडनेरकर
10
कमेंट्स
पर
11:24 PM
लेबल:
इधर उधर,
शरीर,
स्थान
इस संदेश के लिए लिंक
Wednesday, February 9, 2011
नर्मदा-तवा का संगम यानी बान्द्राभान
| ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
प्रस्तुतकर्ता
अजित वडनेरकर
6
कमेंट्स
पर
1:37 AM
इस संदेश के लिए लिंक
Monday, February 7, 2011
निर्धन की ढाणी, अब राजधानी [आश्रय-32]
इस शृंखला की कड़ियाँ-कंगाल की ठठरी, ग़रीब का पिंजर[आश्रय-31]गुहा, गुफा और कोहिनूर [आश्रय-30]बस्ती बस्ती, कटरा कटरा[आश्रय-29]कुरमीटोला और चमारटोली [आश्रय-28] थमते रहे ग्राम, बसते रहे नगर [आश्रय-27]कसूर किसका, कसूरवार कौन? [आश्रय-26].सब ठाठ धरा रह जाएगा…[आश्रय-25] पिट्सबर्ग से रामू का पुरवा तक…[आश्रय-24] शहर का सपना और शहर में खेत रहना [आश्रय-23] क़स्बे का कसाई और क़स्साब [आश्रय-22] मोहल्ले में हल्ला [आश्रय-21] कारवां में वैन और सराय की तलाश[आश्रय-20] सराए-फ़ानी का मुकाम [आश्रय-19] जड़ता है मन्दिर में [आश्रय-18] मंडी, महिमामंडन और महामंडलेश्वर [आश्रय-17] गंज-नामा और गंजहे [आश्रय-16]ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
Saturday, February 5, 2011
निंदक नियरे राखिए...
| ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
Thursday, February 3, 2011
कुछ और हैं ज़िंदगी के मायने
पिछली कड़ी- दिल्ली में डेरे की शुरुआत [बकलमखुद-141]
| ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
प्रस्तुतकर्ता
अजित वडनेरकर
5
कमेंट्स
पर
11:32 PM
लेबल:
बकलमखुद
इस संदेश के लिए लिंक
Wednesday, February 2, 2011
कंगाल की ठठरी, ग़रीब का पिंजर[आश्रय-31]
ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |
Tuesday, February 1, 2011
गुहा, गुफा और कोहिनूर [आश्रय-30]
ये सफर आपको कैसा लगा ? पसंद आया हो तो यहां क्लिक करें |











































